
हरियाणा में 194 किमी लंबी नई रेल लाइन को मंजूरी, 5 जिलों को मिलेगा सीधा लाभ
चंडीगढ़/नई दिल्ली, 14 फरवरी 2026: हरियाणा के लिए बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में एक बड़ी घोषणा सामने आई है। केंद्र सरकार ने दिल्ली से अंबाला के बीच 194 किलोमीटर लंबी नई रेल लाइन परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना की अनुमानित लागत 5,983 करोड़ रुपये बताई गई है।
सरकार के अनुसार यह परियोजना न केवल हरियाणा बल्कि दिल्ली, पंजाब और जम्मू क्षेत्र के लिए भी रणनीतिक और आर्थिक दृष्टि से महत्वपूर्ण साबित होगी।
किन जिलों से गुजरेगी नई रेल लाइन
नई दिल्ली-अंबाला रेल लाइन हरियाणा के पांच प्रमुख जिलों से होकर गुजरेगी। इनमें:
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अंबाला
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कुरुक्षेत्र
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करनाल
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पानीपत
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सोनीपत
इन जिलों में यातायात सुविधाओं में सुधार के साथ-साथ स्थानीय व्यापार और औद्योगिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
परियोजना की प्रमुख विशेषताएं
सरकारी जानकारी के अनुसार इस परियोजना के तहत:
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194 किलोमीटर लंबी नई रेल लाइन का निर्माण
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एक मुख्य बड़े पुल का निर्माण
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28 अन्य छोटे पुलों का निर्माण
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मार्ग में पड़ने वाले पुराने पुलों का पुनर्निर्माण
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32 रेलवे स्टेशनों पर आधुनिक सुविधाओं का उन्नयन
यह परियोजना मौजूदा रेल लाइन के समानांतर विकसित की जाएगी, जिससे बड़े पैमाने पर भूमि अधिग्रहण की आवश्यकता कम होगी। रेलवे की उपलब्ध जमीन का अधिकतम उपयोग किया जाएगा।
चार वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य
सरकार ने इस परियोजना को चार वर्षों के भीतर पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। निर्माण कार्य चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा ताकि मौजूदा रेल सेवाओं पर न्यूनतम प्रभाव पड़े।
पर्यावरण और रणनीतिक लाभ
परियोजना के पूरा होने के बाद यातायात का दबाव कम होगा और रेल संचालन अधिक सुचारु होगा। अनुमान है कि इससे प्रतिवर्ष लगभग 43 करोड़ किलोग्राम कार्बन डाइऑक्साइड के उत्सर्जन में कमी आएगी, जो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
रणनीतिक दृष्टि से यह लाइन दिल्ली से पंजाब और आगे जम्मू तक बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान करेगी। मल्टी-ट्रैकिंग व्यवस्था से ट्रेनों की संख्या बढ़ेगी, भीड़भाड़ कम होगी और माल व यात्री परिवहन में तेजी आएगी।
यात्रियों और उद्योग को होगा लाभ
नई रेल लाइन से यात्रियों को कम समय में सफर की सुविधा मिलेगी। औद्योगिक क्षेत्रों जैसे पानीपत और सोनीपत को बेहतर लॉजिस्टिक सपोर्ट मिलेगा, जिससे व्यापारिक गतिविधियों को बल मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना हरियाणा को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क में और अधिक मजबूत स्थिति प्रदान करेगी तथा क्षेत्रीय विकास को नई गति देगी।
निष्कर्ष:
दिल्ली-अंबाला नई रेल लाइन परियोजना हरियाणा के लिए बुनियादी ढांचे के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। बेहतर कनेक्टिविटी, पर्यावरणीय लाभ और आर्थिक प्रगति की संभावनाओं के साथ यह योजना आने वाले वर्षों में राज्य की विकास यात्रा को नई दिशा दे सकती है।
